
आज बहुत से लोग कहते हैं –“थोड़ा काम करते ही थक जाता हूँ”।
“शरीर में जान नहीं रहती”।“सुबह उठते ही कमजोरी लगती है”।
ये सब शरीर में कमजोरी के संकेत हैं।
इस ब्लॉग में हम detail से समझेंगे:
कमजोरी क्यों होती है।इसके लक्षण और बिना महंगी दवाइयों के इसे कैसे ठीक करें।
शरीर में कमजोरी क्या होती है?
जब शरीर के अंदर energy, ताकत और stamina कम हो जाता है,।तो इंसान खुद को थका हुआ, सुस्त और कमजोर महसूस करता है।ये समस्या बच्चों, महिलाओं, पुरुषों – सबको हो सकती है।
शरीर में कमजोरी होने के मुख्य कारण
सही खाना न मिलना ।अगर शरीर को सही पोषण नहीं मिलेगा तो कमजोरी आना तय है। उससे आयरन की कमी,प्रोटीन की कमी,विटामिन B12 की कमी होने लगती है। यही सबसे बड़ा कारण है।
1.नींद पूरी न होना
नींद ना पूरी होने का बड़ा कारण देर से रात को सोना।मोबाइल देखते-देखते सोना।5–6 घंटे से कम नींद लेना।
नींद की कमी से शरीर recover नहीं कर पाता।
2.ज़्यादा तनाव (Stress)
लगातार टेंशन रहने से ज्यादा तनाव की स्थिति पैदा हो जाती है।
दिमाग थक जाता है।शरीर की energy खत्म हो जाती है।
तनाव भी कमजोरी की बड़ी वजह है।
3.पानी कम पीना
शरीर में पानी की कमी से:चक्कर,थकान और सिर दर्द पजैसी समस्याओं का जनम होने लगता है।लोग इसे हल्का लेते हैं, लेकिन असर बड़ा होता है।
4.बीमारी या खून की कमी
खून की कमी से एनीमिया,पेट की समस्या और लंबे समय तक कमजोरी रहना ।ऐसी स्थिति में कमजोरी जल्दी ठीक नहीं होती।
शरीर में कमजोरी के लक्षण

अगर आपको ये लक्षण दिखते हैं, तो समझिए शरीर कमजोर है:
थोड़ी मेहनत में थक जाना,चक्कर आना,हाथ-पैर ढीले लगना,मन न लगना और नींद आने के बाद भी थकान महसूस होना।
शरीर की कमजोरी दूर करने के घरेलू तरीके
1.सही और ताकत देने वाला खाना खाएं
डाइट में ज़रूर शामिल करें:हरी सब्ज़ियाँ,दाल, चना, मूंग,फल (केला, सेब)दूध या दही । रोज़ का सही खाना ही दवा है।
2. सुबह खाली पेट ये आदत डालें
गुनगुना पानी पिएँ,5–10 मिनट टहलें,गहरी सांस लें।शरीर धीरे-धीरे मजबूत बनेगा।
3.नींद को priority दें
रोज़ एक ही समय पर सोएँ।7–8 घंटे की नींद लें।सोने से पहले मोबाइल दूर रखें।
4. पानी भरपूर पिएँ
दिन में 7–8 गिलास पानी।बाहर जाते समय पानी साथ रखें।
कमजोरी का आधा इलाज यहीं हो जाता है।
5. बहुत ज़्यादा काम एक साथ न करें
शरीर की limit समझें।बीच-बीच में आराम करें।
कमजोरी में क्या न करें
खाली पेट ज़्यादा देर काम ना करें। जंक फूड न खाएं।बिना डॉक्टर की सलाह के दवाइयों का सेवन न करें”।खुद को ज़बरदस्ती थकाना जरूरी नहीं।
कब डॉक्टर को दिखाना ज़रूरी है?
अगर:कमजोरी 2–3 हफ्ते से ज़्यादा रहे।चक्कर ज़्यादा आए।सांस फूलने लगे। तो doctor से जाँच ज़रूर कराएँ।अगर वजन तेजी से घट रहा हो, दिल तेज धड़कता हो या बार-बार बेहोशी लगे, तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।

निष्कर्ष
शरीर की कमजोरी कोई छोटी बात नहीं है,लेकिन सही खान-पान, नींद और routine से इसे पूरी तरह ठीक किया जा सकता है।
दवाइयों से पहले जीवन शैली को सुधारना ज़्यादा ज़रूरी है।